कोरोना के कहर छै | अंगिका कविता | भोला कुमार “बागवानी” | Corona Ke Kahar | Angika Poetry | Bhola Kumar Bagwani

कोरोना के कहर छै
अंगिका कविता | भोला कुमार “बागवानी”
कोरोना के कहर छै,
सब्भैऽ लेलि   जहर छै ।
फैललै छै  ई चीनऽ से ,
लाॅकडाउन छै कई दिनऽ से ।
घर्हें म’° कैद भोरे कि दुपहर छै ,
कोरोना के कहर छै ।
सब्भैऽ लेलि  जहर छै ।।
 बनलऽ वैश्विक  महामारी छै ,
बहुत्ते मरलऽ  नर -नारी छै ।
रोग छै ई ला ईलाज ,
बाहर जांय स’° करऽ बाज ।
पुलिसऽ स’° भरलऽ डगर छै  ,
कोरोना के कहर छै ।
सब्भैऽ लेलि जहर छै ।।
जाँ नञ मानभो बात  ,
पुलिसऽ स’° खैयभो लात ।
दूरी बनायक तँऽ रहऽ ,
जरूरत’° भर ककर्हो कहऽ ।
सगठे वायरस  के लहर छै ,
कोरोना के कहर छै ।
सब्भैऽ लेलि जहर छै ।।
मुँह ऽ म’° मास्क लगाबऽ ,
हाथ धुवो औरू धुलाबऽ ।
साफ -सुथरा प’ दोहोऽ ध्यान  ,
सब्भैऽ के बचाबऽ तँऽ जान ।
भोला भयभीत गाँव आरू शहर छै ,
कोरोना के कहर छै ।
सब्भैऽ लेलि जहर छै ।।
स्वरचित-भोला कुमार बागवानी
दिनांक-29-03-2020
नया टोला चौहद्दी, नाथनगर भागलपुर ।
मोबाइल नंबर-8294724514
Angika Poetry – Corona ke Kahar Chhai | कोरोना के कहर छै
Poet – Bhola Kumar ‘Baghbani’ | भोला कुमार ‘बागवानी’

– कवि परिचय –
नाम- भोला कुमार “बागवानी ”
पेशा-माध्यमिक शिक्षक
कार्यरत-उत्क्रमित उच्च विद्यालय पैरगाहा झाझा, जमुई(बिहार)
जन्म- पन्द्रह अगस्त 1988
जन्मस्थान-नया टोला चौहद्दी, नाथनगर, भागलपुर (बिहार)
शिक्षा- एम. ए. (मध्यकालीन इतिहास)
ति. माँ. भा.विश्वविद्यालय, भागलपुर (बिहार)
बी. एड. ग्वालियर, जीवाजी,वि वि मध्य प्रदेश

संस्था सँ जुड़ाव

अखिल भारतीय अंगिका साहित्य विकास समिति
नाथनगर शाखा, नया टोला चौहद्दी, नाथनगर, भागलपुर ।

प्रकाशित पुस्तक सूची

1) मेरी साध (हिंदी -कविता संग्रह)
2)अंग- धरती(अंगिका-कविता संग्रह)
मोबाइल नम्बर-8294724514

भोला कुमार “बागवानी “