घऽर दुआर बासी बहुरिया पँचगरासी | अंगिका कहावत

  घऽर दुआर बासी बहुरिया पँचगरासी

अर्थ –  भोजनभट्ट व्यक्ति के संबंध में उक्ति ।

घर-द्वार अभी बासी ही पड़ा हुआ है बहू ने भोजन (पंचग्रास) कर लिया ।