अंग देश

अंगिका के साथ अंग्रेजों जैसा व्यवहार कर रही सरकार

पटना : सरकार अंग क्षेत्र के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। यहां की लोक भाषा अंगिका के साथ अंग्रेजों जैसा व्यवहार करके सरकार ठीक नहीं कर रही है। उक्त बातें सोमवार को अंग उत्थानांदोलन समिति बिहार-झारखंड के अध्यक्ष गौतम सुमन ने गर्जन रैली को संबोधित करते हुए कहीं। उन्होंने कहा कि समिति के नेतृत्व में अधिकार सह सम्मान यात्रा 29 नवंबर को भागलपुर से आरंभ होकर सोमवार को पटना पहुंची, जो गर्जन रैली के रूप में परिवर्तित हो गई। गर्जन रैली गांधी मैदान से निकल कर फ्रेजर रोड होते डाकबंगला चौराहा और आर ब्लाक तक गई। वहां पर राज्यपाल व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। बिहार-झारखंड के 21 जिलों में अंगिका बोली जाती है। वरिष्ठ कवि नरेश पांडेय चकोर ने कहा कि अंगिका भाषियों की अस्मिता व अस्तित्व के सवाल पर सरकार उदासीन है। रैली को समिति के संरक्षक श्रीकांत व्यास, विजय सिंह यादव धावक, अधिवक्ता प्रकोष्ठ के समिति… Read More

सरकार अंग क्षेत्र के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है

बांका : अंगिका भाषा के विकास के लिए पटना में दस दिसंबर को अधिकार सह सम्मान रैली होगा। रैली में राज्य के विभिन्न हिस्से के अंगिका भाषी पहुंचेंगे। आंदोलन को सफल बनाने के लिए 29 नवंबर से सभी जिले में अधिकार सह सम्मान यात्रा की जा रही है। यात्रा समिति के प्रधान संरक्षक दिवाकर चंद्र दूबे के नेतृत्व में की जा रही है। शनिवार को सम्मान यात्रा बांका पहुंची। अंग रथ में शामिल अंग उत्थान आंदोलन समिति के केंद्रीय अध्यक्ष गौतम सुमन ने कहा कि अंगिका भाषा के विकास के लिए अब कोई समझौता नहीं होगा। सरकार मांगे पूरी करे या इस्तीफा दें। अब शांति नहीं क्रांति होगा। सरकार अंग क्षेत्र के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। लोक भाषा अंगिका को सिर्फ छलने का काम किया गया है। समिति ने अंगिका के हक के लिए ही 10 दिसंबर को पटना में आंदोलन का बिगुल फूंका है। दिवाकर चंद्र दूबे ने कहा कि दस करोड़… Read More

अंगिका के लिए पटना में आंदोलन 10 दिस को

बांका : अंगिका भाषा के विकास के लिए पटना में दस दिसंबर को अधिकार सह सम्मान रैली होगा। रैली में राज्य के विभिन्न हिस्से के अंगिका भाषी पहुंचेंगे। आंदोलन को सफल बनाने के लिए 29 नवंबर से सभी जिले में अधिकार सह सम्मान यात्रा की जा रही है। यात्रा समिति के प्रधान संरक्षक दिवाकर चंद्र दूबे के नेतृत्व में की जा रही है। शनिवार को सम्मान यात्रा बांका पहुंची। अंग रथ में शामिल अंग उत्थान आंदोलन समिति के केंद्रीय अध्यक्ष गौतम सुमन ने कहा कि अंगिका भाषा के विकास के लिए अब कोई समझौता नहीं होगा। सरकार मांगे पूरी करे या इस्तीफा दें। अब शांति नहीं क्रांति होगा। सरकार अंग क्षेत्र के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। लोक भाषा अंगिका को सिर्फ छलने का काम किया गया है। समिति ने अंगिका के हक के लिए ही 10 दिसंबर को पटना में आंदोलन का बिगुल फूंका है। दिवाकर चंद्र दूबे ने कहा कि दस करोड़ बिहारी अस्मिता के नाम… Read More

अंगिकाभाषियों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं : गौतम सुमन

जमुई : शनिवार की देर शाम अंग उत्थान आंदोलन समिति का जागरुकता रथ जमुई पहुंचा। कचहरी चौक पर रथ के साथ आए समिति के अध्यक्ष गौतम सुमन ने कहा कि बिहार-झारखंड के पांच करोड़ अंगिकाभाषियों के हक-हकूक के प्रति उदासीन रवैया अपना कर अंग के विकास की अनदेखी की जा रही है। आगामी दस दिसम्बर को पटना में आयोजित अधिकार सह सम्मान रैली को ऐतिहासिक बनाने के लिए पिछले 21 नवंबर से बिहार और झारखंड की यात्रा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब कोई समझौता या वार्ता नहीं होगी बल्कि अंगिका को न्याय दिलाकर ही दम लेंगे। रथ के साथ साइकिल यात्रा पर निकले विजय सिंह यादव ने भी अंग-अंगिका के समृद्धि और विकास के लिए पटना चलने का आह्वान किया। अधिवक्ता प्रकोष्ठ के समिति अध्यक्ष राघवेन्द्र सहाय ने कहा कि समिति कभी अलग प्रांत निर्माण के पक्ष में नहीं है। बल्कि हर भाषा की तरह अपनी भाषा का सम्मान चाहती है। यात्रा में… Read More

भोजपुरी गीत को मुंगेर गीत घोषित किए जाने की भ‌र्त्सना

मुंगेर, : अखिल भारतीय अंगिका साहित्य कला मंच के जिला शाखा के कार्यकारिणी की बैठक बुधवार को कला मंच कार्यालय में आयोजित की गई। बैठक में जिला स्थापना दिवस के अवसर पर भोजपुरी भाषा के गीत को मुंगेर गीत घोषित किए जाने की भ‌र्त्सना मंच के सदस्यों ने की। मंच के सचिव अंजनी कुमार सुमन ने कहा कि मुंगेर अंग जनपद है। यहां की भाषा अंगिका है। अत: मुंगेर गीत अंगिका भाषा में होनी चाहिए, लेकिन इसके विपरीत मुंगेर गीत भोजपुरी भाषा में सुन कर लोग मर्माहत हैं। बैठक में कला मंच के उपाध्यक्ष उत्तम कुमार सिंह, बिहार प्रदेश महासचिव विजेता मुदगलपुरी ने इस बात की निंदा करते हुए कहा कि जिला प्रशासन ने अब तक मुंगेर गीत का चयन नहीं किया और मंच से उद्घोषक ने भोजपुरी भाषा के गीत को मुंगेर का गीत बताया। बिहार प्रदेश उपाध्यक्ष शिवनंदन सलिल ने इसे मुंगेर की अस्मिता के साथ खिलवाड़ बताया है। बैठक में सुनील सौरभ,… Read More

अंग क्षेत्र के उत्थान के लिए निकला रथ पहुंचा मधेपुरा

मधेपुरा, : अंग क्षेत्र के उत्थान और अंगिका भाषा को मान्यता दिलाने के मुद्दे पर 10 दिसंबर को पटना में आयोजित रैली को सफल बनाने के लिए निकाली गई अंग रथ मंगलवार को मधेपुरा पहुंची। अंग उत्थान आंदोलन समिति भागलपुर द्वारा निकाली गई इस रथ पर सवार समिति अध्यक्ष गौतम सुधा एवं महासचिव डा.जयन्त जलद ने बताया कि आज अंग क्षेत्र बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहा है। भाषा, साहित्य, संस्कृति आदि की भी उपेक्षा हो रही है। लिहाजा सरकार का ध्यानाकर्षण के लिए हमलोगों ने एक राजनीतिक संगठन गठित कर अपनी मांग उठाने का फैसला किया है। हमारी राज्य सरकार से मांग है कि अंगिका भाषा उत्थान के लिए एक अकादमी का गठन किया गया। बिहार लोक सेवा आयोग की परीक्षा में अंगिका भाषा को शामिल किया जाए। विद्यालयों के पाठ्यक्रमों में अंगिका भाषा को शामिल करना, संविधान की आठवीं अनुसूची में अंगिका को शामिल करना आदि शामिल है। भागलपुर से चली यह रथ… Read More

अंग उत्थान आंदोलन समिति का रथ कटिहार पहुंचा

कटिहार : अंगिका को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने व इसके अधिकार और सम्मान को लेकर जनजागृति पैदा करने के उद्देश्य से अंग उत्थान आंदोलन समिति का रथ गुरुवार की देर शाम कटिहार पहुंचा। रथ यात्रा के साथ चल रहे गौतम सुमन ने बताया कि अंगिका भाषा के प्रति अंग वासियों में चेतना जगाने तथा उसके अधिकार-सम्मान को लेकर आगे आने का काम किया जा रहा है। आने वाले 10 दिसंबर को पटना में विशाल रैली का आयोजन किया गया है। उन्होंने अंग क्षेत्र के लोगों से अपनी भाषा को लेकर एकजुटता प्रदर्शित करने के लिए 10 दिसंबर को रैली में भाग लेने का आह्वान किया। रथ यात्रा में महासचिव डॉ. जयंत जलद, राघवेंद्र सहाय, जयकरण सत्यार्थी, ब्रजभूषण शर्मा, गौतम चौरसिया, संगीत सुमन, नवज्योति सिंहा सहित अनेक लोग शामिल हैं। अंगिका जागरण अभियान को लेकर यह रथ यात्रा पूर्णिया, किशनगंज, खगड़िया, सुपौल, मधेपुरा, सहरसा, बेगुसराय, भागलपुर होकर पटना पहुंचेगी। Source: http://www.jagran.com/bihar/katihar-9896926.html संबंधित अंगिका… Read More

अंग प्रदेश और अंगिका के लिए होगी अधिकार रैली

बांका : अंग उत्थान आंदोलन समिति अंग प्रदेश के पिछड़े पन के खिलाफ 23 नवंबर से क्षेत्र में अधिकार व सम्मान रैली निकालेगी। इसके बाद अंग की अनदेखी के खिलाफ चार दिसंबर को लोग पटना पहुंच कर अपनी आवाज बुलंद करेंगे। रैली की सफलता के लिए समिति के प्रधान संरक्षक दिवाकर चंद्र दूबे ने गौतम सुमन, नीशित कुमार मिश्रा, बुलबुल चौधरी आदि के साथ रजौन, पुनसिया, बांका आदि में जनसंपर्क अभियान चलाया। संरक्षक ने इस दौरान लोगों से अंग प्रदेश की लड़ाई लड़ने के लिए बड़ी संख्या में रैली में पहुंचने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि लोक भाषा अंगिका की अस्मिता व अधिकार तथा विकास के लिए समझौता नहीं, बल्कि संकल्प के साथ लड़ाई लड़नी होगी। उन्होंने कहा कि सत्ता व राजनेताओं को अंगिका की उपेक्षा महंगी पड़ेगी और जनता उनसे सवाल करेगी। रैली ऐतिहासिक होगी तब अंग प्रदेश के लोगों की मांग सुनी जाएगी। यह रैली 23 नवंबर को भागलपुर स्टेशन चौक से… Read More

सूफियों के गढ़ भागलपुर में मिलीं सर्वाधिक स्वर्ण पांडुलिपियां

राष्ट्रीय पांडुलिपि मिशन और पांडुलिपि संसाधन केंद्र पटना की खोज कारगर साबित होती दिख रही है। देशभर के करीब 22 राज्यों में दुर्लभ पांडुलिपियों को खोज कर उसे संरक्षित करने का अभियान चलाया जा रहा है। इस क्रम में सूफियों के गढ़ भागलपुर में सर्वाधिक सोने की पांडुलिपियां मिली हैं। रख-रखाव के अभाव में इनकी स्थिति जर्जर होती जा रही है। करीब 434 वर्ष पूर्व के आस्ताना शहबाजिया में खोज के दौरान अबतक की सबसे पुरानी 576 वर्ष पूर्व की अरबी में लिखी बुखारी शरीफ मिली। इसके अलावा सोने के पन्ने पर अबु फजल फैजी द्वारा लिखा गया अकबरनामा और 312 वर्ष पूर्व मुर्शीदाबाद के नवाब द्वारा भेजा गया सुनहरा कुरान शरीफ संसाधन केंद्र के अधिकारियों के आकर्षण का केंद्र बना। भागलपुर के शाह मार्केट स्थित पीर दमड़िया की लाइब्रेरी से भी कई दुर्लभ सुनहरी पांडुलिपियां मिलीं। मुगल बादशाह जहांगीर के समय की सोने के पन्ने पर उकेरी गई कई बादशाहों की तस्वीर वाली दुर्लभ… Read More

अंगिका की समृद्धि पर ही अंग क्षेत्र का सांस्कृतिक विकास संभव

गोड्डा : अखिल भारतीय अंगिका साहित्य कला मंच झारखंड प्रदेश इकाई की बैठक शुक्रवार को असनबनी स्थित कार्यालय परिसर में प्रदेश अध्यक्ष डॉ. कयूम अंसारी की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि साहित्य समाज का दर्पण है। ऐसे में अंगिका की समृद्धि पर ही क्षेत्र का सांस्कृतिक विकास संभव है। इसके मद्देनजर अंगिका साहित्य कला मंच 25 नवम्बर को कार्यशाला का आयोजन करेगा। जिसमें अंगिका भाषा शुद्ध लिखने व सही उच्चारण के साथ पढ़ने की जानकारी दी जाएगी। अंगिका साहित्य मंच के प्रदेश महासचिव डॉ. प्रदीप प्रभात ने कहा कि अंगिका भाषा साहित्य के जानेमाने राष्ट्रीय स्तर के साहित्यकार डॉ. तेजनारायण कुशवाहा, डॉ. अमरेन्द्र, डॉ. अनिरुद्ध प्रसाद विमल और तिलकामांझी अगिका मनीषी डॉ. अमोद कुमार मिर भी शिरकत करेंगे। कार्यशाला के प्रथम दिन अंगिका टेली फिल्म फुसरी का प्रदर्शन किया जायेगा। डॉ. शंभूनाथ राय ने कहा कि जिला में पहली बार इस प्रकार का कार्यशाला आयोजित की जा रही… Read More

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