Angika Poets – Writers

अंगिका भाषा के जनक

अंगिका भाषा के जनक

जादुई व्यक्तित्व, निश्छल एवं अलौकिक मुस्कराहट वाले डॉ. परमानंद पांडेय ने अंगिका को वैसे तराशा, जैसे कोई जौहरी किसी बेडौल-बेजान पत्थर को तराशता है. वह एक संवेदनशील कवि हैं. उनके रचनात्मक व्यक्तित्व ने साहित्य सर्जकों, पाठकों एवं प्रशंसकों को काफी अभिभूत किया है. अंगिका व्याकरण, अंगिका भाषा, अंगिका वर्तनी, अंगिकांजलि, अंगिका और भोजपुरी भाषाओं का तुलनात्मक अध्ययन, हिंदी और अंगिका[Read More…]

अंगिका भाषा का साहित्यिक परिदृश्य

केवल लिखित साहित्य को ही आधार मानें तो अंगिका भाषा में साहित्य निर्माण की समृध्द परम्परा प्राचीन काल से ही सतत रूप से जारी है, जो प्रामाणिक रूप से पिछले तेरह सौ वर्षों के कालखंडों में बिखरा पड़ा है. महापंडित राहुल सांकृत्यायन के अनुसार हिन्दी भाषा के लिखित साहित्य का प्राचीनतम स्वरूप ‘अंग’ के प्राचीन सिध्द कवि ‘सरह’ की आठवी[Read More…]

Poets & Writers of Angika Language (As in the year-2005)

Till date total number of writers in Angika = 600.(Approx.). They have created hundreds of books and thousands of articles, details of which shall be available on this site very shortly. Name of such devoted persons are given in the following list in alphabetical order. You can click over the link to know more about them. Angika Literature today means[Read More…]

Angika Language

Angika is considered as oldest language of Hindi family. According to Pundit Rahul Sankritiyayan, the evidences of oldest form of written Hindi literatures are available in the Sarah’s Angika poetries of 800 A.D. The first poet of Hindi literature, Saraha, was also the first poet of the Angika language and literature. Saraha belongs to the 8th century, and is the[Read More…]

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