जनमत आरू लोकतंत्र केरऽ विरोध मं॑ सत्ता के बदलाव

(डॉ. मीरा दत्त, संपादक -वैज्ञानिक सोच एवं चेतना की तलाश, हिन्दी द्विमासिक पत्रिका केरऽ सितंबर-२०१७ अंक म॑ छपलऽ हिंदी आलेख केरऽ अंगिका अनुवाद )

बिहार मं॑ साल २०१५ मं॑ विधानसभा चुनाव काफी कठिन छेलै । खासकरी क॑ गरीब मेहनतकश जनता आरू अल्पसंख्यक लेली, जे भाजपा केरऽ शासन स॑ बिहार क॑ बचैल॑ राखै ल॑ चाहै छेलै । ओकरऽ आवाज पूँजीवादी मीडिया म॑ नै पहुँची रहलऽ छेलै । अभी तलक भाजपा प्रचार छल-प्रपंच, प्रचार म॑ खर्च करलऽ गेलऽ अथाह धन स॑ अनेक राज्य म॑ चुनाव जीती क॑ एगो बड़ऽ पार्टी बनी चुकलऽ छेलै । एकरऽ बावजूद बिहार केरऽ जनता न॑ धन के अभाव म॑ बिना कोनो बड़ऽ प्रचार आरू शोर-शराबा के मुख्य रूप स॑ महागठबंधन केरऽ पार्टी क॑ जितैलकै ।

चुनाव परिणाम घोषित होला के पहल॑ तलक बड़ऽ-बड़ऽ मीडिया हाउस बड़ा दंभ के साथ महागठबंधन केरऽ हारै के कयास लगाय रहलऽ छेलै । यहाँ तलक कि शुरू मं॑ मतगणना, लिफाफा-बंद वोट स॑ होलै जे कि भाजपा केरऽ समर्थन म॑ छेलै । ई वोट न॑ भी ई साबित करी देलकै कि नौकरशाही बड़ा पैमाना प॑ सांप्रदायिक भी छै । जैसनऽ कि चुनाव के पहन॑ बहुत जग्घऽ प॑ दंगा फैलत॑-फैलत॑ बचलै । एक जगह त॑ दंगा होय भी गेलै ।एकरा मं॑ प्रशासन केरऽ नकारात्मक रवैय्या भी समाचारऽ म॑ ऐलै ।

ई बात त॑ तय छै कि जहाँ डेढ़ साल पुरानऽ महागठबंधन क॑ तोड़ी क॑ नीतिश भाजपा क॑ साथ ल॑ क॑ पुनः मुख्यमंत्री बनी बैठलऽ छै , जे नै खाली बिहार केरऽ जनता के भरोसा क॑ तोड़ल॑ छै, बल्कि अपनऽ संसदीय राजनीतिक फिसलन क॑ ही दरसैल॑ छै ।

कैन्हेंकि जों भ्रष्टाचार ही नीतिश कुमार लेली मुद्दा छेलै त॑ लालू प्रसाद जे सजायफ्ता रहै के सथं॑ जाय क॑ कथी ल॑ मिली गेलै ? जों भ्रष्टाचार केरऽ दृष्टि स॑ देखलऽ जाय त॑ नीतिश क॑ राजद सथ॑ मिली क॑ चुनाव ही नै लड़ना चाहियऽ । एतने नै , खबर स॑ ई भी ज्ञात होलऽ छै कि नीतिश २०१५ ई. म॑ हरियाणा केरऽ पूर्व मुख्यमंत्री, ओमप्रकाश चौटाला स॑ जेल म॑ मिलै ल॑ गेलऽ छेलै । नीतिश जी अपनऽ सफाई म॑ बयान देत॑ रहै छै – जेना कि जनादेश शासन चलाय ल॑ मिललऽ छै, केकरो कुकर्म छुपाबै लेली नै मिललऽ छै, कानून केरऽ शासन चली रहलऽ छै आदि ।

एकरा स॑ ऐन्हऽ लगै छै जे नीतिश जी क॑ खुद प॑ भरोसा नै छै । वू आरू भाजपा एतने पाक-साफ छै त॑ साल २००८ स॑ चली रहलऽ बिहार म॑ सृजन घोटाला के जाँच कैन्हें नै करवैलकै ? प्रशासन म॑ ई घोटाला सट जुड़लऽ एगो ए.डी.एम. प॑ २० महीना पहल॑ ही कार्रवाई होलऽ छेलै, लेकिन जाँच केरऽ आदेश नै देलऽ गेलै । एकरऽ पहल॑ भी स्वास्थ्य विभाग केरऽ गर्भाशय घोटाला, शिक्षा घोटाला आरू दोसरऽ घोटाला सब के खबर ऐतें रहलऽ छै। जेकरा स॑ प्रशासन के भ्रष्ट होय के प्रमाण मिलै छै ।

एतने नै सृजन घोटाला मं॑ बिहार केरऽ कईएक भाजपा नेता के नाम भी जुड़लऽ रहलऽ छै । एगो भाजपा केंद्रीय मंत्री केरऽ घऽर स॑ दू करोड़ निकलै के खबर ऐलै, जब॑ चोर ऑटो म॑ धन आरू जेवरात ल॑ क॑ भागी रहलऽ छेलै ।एकरऽ बाद भी जाँच के कार्रवाई कैन्हें नै चलै छै ? वह॑ नेता केरऽ सृजन घोटाला केरऽ आरोपी के साथ भी संबंध रहै के खबर छै, एकरा प॑ चुप्पी कैन्बें छै ?  कि ई लेली कि केंद्र म॑ भाजपा के सरकार छै ? भाजपा केरऽ सरकार के तहत भी अनेक राज्य म॑ बड़ऽ-बड़ऽ आरू क्रूर घोटाला होलऽ छै ।  मध्य प्रदेश म॑ व्यापम घोटाला, राजस्थान म॑ ललित मोदी कांड आदि । व्यापम घोटाला भी २००९ स॑ चली रहलऽ छेलै । जेकरा मं॑ कि म.प्र. के मंत्री शामिल छै ।लेकिन एफआईआर २०१३ म॑ करलऽ गेलै । सुप्रीम कोर्ट न॑ ई केस म॑ जुलाई २०१५ क॑ ४८ व्यक्ति के मरला के बाद सीबीआई क॑ जल्द जाँच पूरा करै लेली आदेश पारित करलकै । ताकि एकरा स॑ जुड़लऽ आरू केकरो मौत नै हुअ॑ । एकरऽ अलावे आरू पार्टी ऐसनऽ भाजपा के नेता व मंत्री प॑ अनेक तरह के केस लंबित छै । यहाँ तलक कि बलात्कार केस म॑ आरोपी छै आऱू अनेक चार्जसीटेड छै । फिर भी मंत्री बनैलऽ गेलऽ छै ।

ई कुछ उदाहरण मात्र छै । भाजपा केरऽ केंद्र सरकार किसानऽ के पेट प॑ लात मारै लेली २०१५-१६ म॑ विदेश स॑ अनाज केरऽ आयात  करलकै । बैंक केरऽ विलयन आरू निजीकरण करी क॑ सरकार बैंकऽ मं॑ जनता के ८० लाख करोड़ के पूँजी क॑ पूँजीपति सब के हवाले करै ल॑ चाहै छै । जबकि सरकार देश केरऽ किसान के कर्ज माफ करै आऱू किसान के अनाज खरीदै लेली पैसा केरऽ कमी के नाम प॑ कान॑ लागै छै ।

सब्भैं जानै छै कि भ्रष्टाचार के मामला आजादी के बाद स॑ ही होय रहलऽ छै । भले ऐन्हऽ मामला म॑ केस कम होत॑ हुअ॑ आरू प्रायः फैसला होय म॑ काफी समय लगी जाय छै ।  अंततः ई व्यवस्था म॑ दोष साबित नै हुअ॑ पारै छै । राजीव गाँधी केरऽ शासन क॑ बोफोर्स तोप सौदा कमीशन घोटाला न॑ गिराय देल॑ रहै । लेकिन अंततः राजीव गाँधी क॑ दोषी नै ठहरैलऽ जाब॑ सकलै, नै त॑ ई पता लग॑ सकलै कि पैसा के लेलकै ?

दरअसल भ्रष्टाचार ई पूँजीवादी व्यवस्था केरऽ एगो अंग छेकै, जेकरा मं॑ सत्ता कुछ हाथऽ मं॑ सिमटलऽ छै । अतः निर्णय केरऽ अधिकार कुछ उच्च अधिकारी आरू मंत्री सिनी क॑ होय छै ।जेकरा स॑ अनेक तरह के भ्रष्टाचार केरऽ जन्म होय छै । ई त॑ सब क॑ पता छै कि सत्ता केरऽ अंग नौकरशाही अधिकांशतः परत दर परत आकंठ भ्रष्टाचार मंट लिप्त छै । जनता के कहना छै कि कोय भी विभाग म॑ बिना घूस के सही काम भी नै होय छै । लोगऽ के ई भी कहना छै कि बिना कमीशन के कोनो प्रोजेक्ट पास नै होय छै ।

लेकिन ऐसने म॑ स॑ कोय ऐसनऽ भी मुख्यमंत्री छै जिनी काम करन॑ छै । उदाहरण लेली भाखड़ा नंगल बहुमुखी परियोजना केरऽ निर्माण , प्रताप सिंह कैरो केरऽ शासनकाल म॑ पंजाब म॑ होलै, हुनका प॑ भ्रष्टाचार केरऽ आरोप भी लगलै । लेकिन जनता म॑ ई संदेश भी गेलै कि  विकास के काम भी होय छै ।

जब॑ कोय बड़ऽ दुर्घटना होय छै त॑ भ्रष्टाचार आरू भ्रष्ट प्रशासन केरऽ बात सामने आबै छै । जेना कि चेन्नई म॑ बाढ़ आना, रेलवे दुर्घटना जे हाल के दिना म॑ काफी बढ़ी गेलऽ छै, गुजरात म॑ स्वाइन फ्लू स॑ ३०० लोगऽ के मरना, गोरखपुर केरऽ अस्पताल मं॑ ६० बूतरू के मौत आदि ।

प्रायः भ्रष्टाचार स॑ प्रशासन भी अराजक होय जाय छै । पूँजीवादी विकास के कारण विकास केरऽ नीति के अनदेखा करी क॑ भ्रष्ट प्रशासन न॑ मुंबई आरू चेन्नई जैसनऽ महानगर, उत्तराखंड, कश्मीर घाटी आदि जग्घऽ प॑ नद्दी करगी के जमीन प॑ अवैध निर्माण क॑ हुअट देलकै, जेकरा स॑ ई शहरऽ सब म॑ बूहऽ आबट लगलै । जैसनऽ कि जाँच रिपोर्ट म॑ सामने ऐलऽ छै ।

ठीक छै कि पूरा तरह बाढ़ प॑ नियंत्रण संभव नै छै । फिर भी वैज्ञानिक तकनीकी स॑ एकरऽ विभीषिका क॑ कम करलऽ जाब॑ सकै छै । पानी केरऽ सही तरह स॑ निकास नै होना ही बूहऽ आबै के मूल कारण बनी गेलऽ छै । उपयुक्त जल प्रबंधन नियोजन नीति केरऽ अभाव स॑ पानी केरऽ सही तरह स॑ निकास नै हुअ॑ पाबी रहलऽ छै । जब॑ नीति ही नै छै त॑ वू मद म॑ सार्वजनिक निवेश केना करलऽ जाबट सकै छै ? अब॑ कुछ सालऽ स॑ बाढ़ स॑ बचाव के प्रबंधन करलऽ जाय रहलऽ छै । एकरा मं॑ घोटाला आसानी स॑ होय छै । हेकरै आचकल विकास कहलऽ जाय रहलऽ छै । यदि वास्तविक रूप स॑ जों नेता काम करतियै त॑ विकास केरऽ दृष्टिकोण के इस्तेमाल करी जलप्रबंधन केरऽ नीति बनैतियै आरू लागू करवैतियै । जल प्रबंधन एत्त॑ बड़ऽ काम छै कि एकरा मं॑ एक इकाई खर्च प॑ एक इकाई रोजगार बढ़ै छै । साथ ही आधारभूत ढाँचा के निर्माण यानी परिसंपत्ति भविष्य लेली आमदनी केरऽ भी एगो साधन बनी जाय छै । यह॑ नेता आरू नौकरशाह म॑ फर्क होय जाय छै, कैन्हेंकि बिहार एगो कृषि प्रधान राज्य छेकै ।

जहाँ तलक बिहार केरऽ विकास केरऽ सवाल छै, निवल आय केरऽ वृद्धि दर १० फिसदी स॑ अधिक छै परंतु प्रति व्यक्ति शुद्ध आय के हिसाब स॑ सबस॑ नीचें  । गरीबी आरू कुपोषण केरऽ मामला म॑ राज्य क्रमशः पाँचवाँ आरू दोसरऽ नंबर प॑ छै । यानि आमदनी तीव्र गति स॑ बढ़ी रहलऽ छै परंतु ओकरऽ लाभ अमीर सब क॑ मिली रहलऽ छै । एगो रिपोर्ट केरऽ हिसाब स॑ देश केरऽ शीर्ष एक प्रतिशत अमीर लगाँ ५८ फीसदी संपत्ति छै आरू ५७ अमीरऽ के पास ७० फीसदी आबादी के बराबर संपत्ति छै । ई लेली चुनाव कोनो विकास केरऽ मुद्दा प॑ नै बल्कि जाति-धर्म आदि के नाम प॑ जितलऽ जाय छै ।

लेकिन  ३० जुलाय क॑ नीतिश न॑ सरकार म॑ पुनः मुख्यमंत्री पद के शपथ ग्रहण करलकै भाजपा सथं॑ गठजोड़ करी क॑ । सरकार स॑ इस्तीफा देला के बाद हुनी कहना शुरू करी देनट छेलै कि हुनी नोटबंदी जैसनऽ अच्छा काम के समर्थन करन॑ रहै । जनता के ई मत छै कि जों नीतिश इस्तीफा द॑ क॑ विधानसभा क॑ भंग करी पुनः चुनाव म॑ जैतियै त॑ बात सिद्धांत के होतियै । यदि नीतिश न॑ भ्रष्टाचार क॑ समाप्त करै लेली कड़ा कदम उठैनट छै आरू नोटबंदी हुनकऽ नजरिया स॑ अच्छा काम छै त॑ चुनाव म॑ जाय क॑ मुकाबला करी लेना रहै । चुनाव म॑ जीती कट जनता केरऽ कसौटी प॑ खड़ा उतरतियै ।

अतः विकास केरऽ बात त॑ छोड़ी ही द॑, मामला सांप्रदायिकता क॑ रोकै के छेलै, त॑ ओकरा भी नीतिशजी न॑ छोड़ी देलकै । आरू अपनऽ स्वार्थ लेली जनता क॑ कमजोर आरू कंगाल बनैत॑ पूँजीवादी आरू वैश्वीकरण राजनीति केरऽ रस्ता अपनाय लेलकै

(डॉ. मीरा दत्त, संपादक -वैज्ञानिक सोच एवं चेतना की तलाश, हिन्दी द्विमासिक पत्रिका केरऽ सितंबर-२०१७ अंक म॑ छपलऽ हिंदी आलेख केरऽ अंगिका अनुवाद )